The country's largest hospital AIIMS has given great relief to lakhs of patients who come here for treatment.
राष्ट्रीय

देश के सबसे बड़े अस्तपाल एम्स ने अपने यहां इलाज के लिए आने वाले लाखों मरीजों को बड़ी राहत दी

 khaskhabar/दिल्ली में कोरोना के कम होते मामलों के बीच देश के सबसे बड़े अस्तपाल एम्स ने अपने यहां इलाज के लिए आने वाले लाखों मरीजों को बड़ी राहत दी है। उसने अब अस्तपाल में भर्ती होने और सर्जरी से पहले होने वाले कोरोना के परीक्षण को बंद करने की घोषणा कर दी है। इससे एक अनुमान है कि यहां इलाज के लिए देश के कोने-कोने से आ रहे लाखों मरीजों को बड़ी राहत मिलेगी।

khaskhabar/दिल्ली में कोरोना के कम होते मामलों के बीच देश के सबसे बड़े अस्तपाल एम्स ने अपने यहां इलाज के लिए आने वाले लाखों मरीजों को बड़ी राहत दी है। उसने अब अस्तपाल में भर्ती
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संक्रमण दर पहले 30 प्रतिशत के आसपास पहुंच गया था

राजधानी दिल्ली में कोरोना के तीसरे लहर का असर अब कम होता जा रहा है। संक्रमण दर की बात करें तो जो यह पहले 30 प्रतिशत के आसपास पहुंच गया था अब यह बीते एक हफ्ते से पांच प्रतिशत के नीचे बना है। ताजा हालात की बात करें तो अभी संक्रमण दर 2.28 हो गई है। बीते 24 घंटे की कोरोना रिपोर्ट की बात करें तो मंगलवार को कोरोना के 1114 नए मामले आए थे।

सक्रिय मरीजों की संख्या घटकर सात हजार से कम हो गई

वहीं इससे ज्यादा मरीजों ने इस बीमारी को मात दी थी। 2079 मरीज ठीक हुए थे। ठीक होने वाले मरीजों की संख्या ज्यादा होने से अब सक्रिय मरीजों की संख्या घटकर सात हजार से कम हो गई है। हालांकि पिछले 24 घंटे में कोरोना से 15 मरीजों की मौत हुई है। बता दें कि दिल्ली में पांच दिसंबर को ओमिक्रोन का पहला मामला आया था।

नवजात को उपचार देने से मना करने पर निजी अस्पताल को नोटिस जारी किया

वहीं, दिल्ली बाल अधिकार संरक्षण आयोग (डीसीपीसीआर) ने समय से पूर्व जन्म लेने वाले नवजात को उपचार देने से मना करने पर निजी अस्पताल को नोटिस जारी किया है। आयोग के अनुसार मामला चार फरवरी का है। महिला ने नवजात को जन्म दिया था।

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ईडब्ल्यूएस श्रेणी वाले मरीज से दाखिला प्रक्रिया को लेकर एक लाख रुपये की मांग की गई

उसे चिकित्सीय देखरेख की सख्त जरूरत थी, लेकिन अस्पताल प्रशासन ने ईडब्ल्यूएस बेड खाली न होने का हवाला देकर उसे भर्ती करने से मना कर दिया। ईडब्ल्यूएस श्रेणी वाले मरीज से दाखिला प्रक्रिया को लेकर एक लाख रुपये की मांग की गई। यह अस्पताल मालवीय नगर में है। डीसीपीसीआर ने नोटिस में अस्पताल को उस दिन की फुटेज भी जमा कराने के निर्देश दिए हैं।

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