दुनिया

धरती की तरफ आ रहा एफिल टावर जितना बड़ा Asteroid,सच हुई नॉस्‍त्रेदमस की भविष्‍यवाणी

Khaskhabar/धरती की तरफ एक क्षुद्रग्रह (Asteroid) आ रहा है. यह Asteroid आकार में फ्रांस की राजधानी पेरिस में स्थिति Eiffel Tower के करीब-करीब बराबर है. इसे धरती पर एक नए संकट के रूप में देखा जा रहा है. यह क्षुद्रग्रह इस साल के शुरू में किसी भी समय धरती के करीब आ सकता है.इस Asteroid का नाम 2021 CO247 दिया गया है. यह एफिल टावर के आकार का करीब 0.83 गुना है. यह धरती से करीब 74 लाख किलोमीटर की दूरी से गुजरेगा.

Khaskhabar/धरती की तरफ एक क्षुद्रग्रह (Asteroid) आ रहा है. यह Asteroid आकार में फ्रांस की राजधानी पेरिस में स्थिति Eiffel Tower के करीब-करीब बराबर है. इसे धरती पर एक नए संकट के रूप में देखा जा रहा है. यह क्षुद्रग्रह इस साल के शुरू में किसी भी समय धरती के करीब आ सकता है.इस Asteroid का नाम 2021
Posted by khaskhabar

Asteroid की साइज करीब 220 मीटर थी

तीन दिन पहले यानी 3 जनवरी को एक विशाल Asteroid धरती के पास से गुजरा था. इस Asteroid की साइज करीब 220 मीटर थी. यह धरती से करीब 69 लाख किलोमीटर दूर से गुजरा था.इस बीच नासा के वैज्ञानिकों का कहना है कि आज ही धरती की कक्षा में एक और संकट आएगा. आज मिस्र की पिरामिड से करीब दोगुना बड़ा एक Asteroid धरती की कक्षा में प्रवेश करेगा. धरती से इसकी दूरी करीब 3.5 किलोमीटर रहेगी.

Khaskhabar/धरती की तरफ एक क्षुद्रग्रह (Asteroid) आ रहा है. यह Asteroid आकार में फ्रांस की राजधानी पेरिस में स्थिति Eiffel Tower के करीब-करीब बराबर है. इसे धरती पर एक नए संकट के रूप में देखा जा रहा है. यह क्षुद्रग्रह इस साल के शुरू में किसी भी समय धरती के करीब आ सकता है.इस Asteroid का नाम 2021
Posted by khaskhabar

दरअसल ऐसा इसलिए क्योंकि इस सप्ताह एक के बाद एक ताबड़तोड़ ऐस्टरॉइड धरती के करीब से गुजरेंगे. 6 जनवरी को यानी आज 62 मीटर का ऐस्टरॉइड 2021 AC गुजरेगा. इसकी ऊंचाई की बात करें तो ये मिस्र के ग्रेट पिरामिड की आधी है.जानकारों की मानें तो यह धरती से करीब 35 लाख किलोमीटर दूर से गुजरेगा. इसके बाद 270 मीटर का 2016 CO247 करीब 74 लाख किलोमीटर दूर से गुजरता नजर आएगा. इसके आकार की बात करें तो ये आइफिल टावर के बराबर होगा. आखिरी ऐस्टरॉइड 2018 KP1 है जो 32 मीटर का है. यह ऐस्टरॉइड धरती के 31 लाख किलोमीटर दूर से गुजरेगा.

कितना खतरा है धरती को

खगोलीय घटनाओं के जानकारों की मानें तो इन ऐस्टरॉइड्स से धरती को किसी तरह का नुकसान नहीं पहुंचेगा. ऐसा इसलिए क्योंकि वायुमंडल में दाखिल होने के साथ ही आसमानी चट्टानें टूट जातीं हैं. यही नहीं ये जल भी जाती हैं.

यह भी पढ़े—स्टेशन पर लावारिस घूमती मिली दो बच्चियों को चाइल्ड लाइन सागर भेजा,महाराष्ट्र से ट्रेन से पहुंची बीना

खतरों पर पैनी नजर

खगोलीय घटनाओं के जानकारों के अनुसार यदि किसी तेज रफ्तार स्पेस ऑब्जेक्ट के धरती से 46.5 लाख मील से करीब आने की संभावना नजर आती है तो वह खतरनाक होता है. NASA का Sentry सिस्टम ऐसे खतरों पर पैनी नजर रखता है. आने वाले 100 सालों की बात करें तो इसके लिए फिलहाल 22 ऐसे ऐस्टरॉइड्स हैं जिनके पृथ्वी से टकराने की थोड़ी सी भी संभावना बताई जा रही है.

और ज्यादा खबरे पढ़ने और जाने के लिए ,अब आप हमे सोशल मीडिया पर भी फॉलो कर सकते है –
ट्विटर पर फॉलो करने के लिए टाइप करे – @khas_khabar एवं न्यूज़ पढ़ने के लिए #khas_khabar फेसबुक पर फॉलो करने के लाइव आप हमारे पेज @socialkhabarlive को फॉलो कर सकते है|